Home मनोरंजन जुबीन गर्ग डेथ एनिवर्सरी: सिंगर को फैंस ने दी श्रद्धांजलि, स्कूल में हुए प्रोग्राम, पत्नी बोलीं- वे अमर रहें
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जुबीन गर्ग डेथ एनिवर्सरी: सिंगर को फैंस ने दी श्रद्धांजलि, स्कूल में हुए प्रोग्राम, पत्नी बोलीं- वे अमर रहें

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गर्ग का निधन 19 सितंबर, 2025 को सिंगापुर में 52 वर्ष की आयु में हुआ. उन्होंने लगभग 40 भाषाओं में 40,000 से अधिक गाने गाए.

असम में आज शुक्रवार (19 सितंबर) को पॉपुलर गायक, संगीतकार और कल्चरल आइकन जुबीन गर्ग की पहली पुण्यतिथि मनाई जा रही है. इसके तहत राज्य भर में श्रद्धांजलि और स्मृति कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे है. उस कलाकार को याद किया जा रहा है, जिसका संगीत पीढ़ियों को जोड़ता रहता है.

राज्य में 17 सितंबर से तीन दिवसीय जुबीन दिवस भी मनाया जा रहा है. गायक का अंतिम संस्कार गुवाहाटी के पास सोनापुर स्थित जुबीन क्षेत्र में हुआ था, जहां हजारों फैंस उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने और असम की सांस्कृतिक विरासत में उनके योगदान का जश्न मनाने के लिए जुटे हैं.

उनके काम और असमिया लोक संस्कृति पर उनके प्रभाव को उनकी मृत्यु की पहली बरसी पर राज्य भर के प्रशंसकों से श्रद्धांजलि मिल रही है. जुबीन गर्ग को श्रद्धांजलि देते हुए बॉलीवुड गायक शान ने जुबीन गर्ग को श्रद्धांजलि देते हुए सोशल मीडिया पर एक गाना अपलोड किया था.

वहीं, गुवाहटी के नूनमीत इलाके में स्थित एक स्कूल में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में सिंगर की पत्नी गरिमा सैकिया ने इसमें भाग लिया. कार्यक्रम के दौरान सिंगर की पत्नी ने कहा, लोगों का उनके प्रति प्रेम और स्नेह अपार है. वह एक महान व्यक्तित्व थे और मैं चाहती हूं कि वह अमर रहें’.

  • बता दें, राज्य सरकार ने रक्तदान शिविरों का आयोजन किया. राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्व सरमा ने सिंगर को श्रद्धांजलि दी और कहा, हमारा उनसे सौहार्दपूर्ण संबंध था. असम के लोगों के लिए उन्हें भूलना असंभव है.
  • तीन दशकों से अधिक के अपने म्यूजिकल करियर के दौरान, जुबीन गर्ग ने लगभग 40 भाषाओं और बोलियों में 40,000 से अधिक गाने रिकॉर्ड किए, जो एक कलाकार और संगीतकार के रूप में उनकी बहुमुखी प्रतिभा को पेश करता है.

गर्ग का निधन 19 सितंबर, 2025 को सिंगापुर में 52 साल की उम्र में हुआ था. अपने करियर के दौरान, उन्होंने न केवल एक गायक और संगीतकार के रूप में, बल्कि एक गीतकार, अभिनेता और फिल्म निर्माता के रूप में भी असमिया संगीत और संस्कृति में महत्वपूर्ण योगदान दिया.

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Shubhanshu Mishra - Founder and Editor in Chief of The Digital Khabari

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